बीज बो गए साहित्यकार, अब लातेहार में फलेगा शब्दों का वटवृक्ष
अखिल भारतीय साहित्य परिषद की जिला इकाई का हुआ गठन, सर्वसम्मति से चुनी गई नई टीम
प्रदेश पदाधिकारियों ने कहा आज बोया गया बीज कल बनेगा साहित्य का विशाल वटवृक्ष
लातेहार (झारखंड) : शब्दों की खुशबू व साहित्यिक सरोकारों से सराबोर माहौल के बीच राजकीय उत्क्रमित उच्च विद्यालय करकट के सभागार में अखिल भारतीय साहित्य परिषद की जिला इकाई के पुनर्गठन को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता साहित्यप्रेमी जगतमणि वैद्य ने की, जबकि संचालन अनूप कुमार ने किया। बैठक का मुख्य उद्देश्य लातेहार जिला इकाई को नई ऊर्जा और नई दिशा देने के लिए संगठन का पुनर्गठन करना था। इस अवसर पर पलामू प्रमंडल से आए प्रदेश एवं जिला स्तर के पदाधिकारियों की मौजूदगी ने आयोजन को विशेष गरिमा प्रदान की। कार्यक्रम में प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यनारायण तिवारी, प्रदेश मंत्री चंद्रकांत सिंह, पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष संजीव मिश्रा तथा पलामू जिला सचिव विजय शंकर मिश्र ने मार्गदर्शन किया। साहित्यिक विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से नई जिला कार्यकारिणी का गठन किया गया। विनीत कुमार को अध्यक्ष चुना गया। विजय कुमार, ज्योति चौधरी व नरेंद्र पाण्डेय को उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। जगतमणि वैद्य को सचिव, प्रीति भारती को सहसचिव, ज्ञानेंद्र मिश्रा को संयुक्त सचिव तथा अतुल कुमार को कोषाध्यक्ष बनाया गया। वहीं प्रमोद कुमार, दिनेश कुमार ठाकुर और पवन मेहता को कार्यकारिणी सदस्य के रूप में चुना गया। सभा को संबोधित करते हुए प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यनारायण तिवारी ने कहा कि लातेहार में आज साहित्यिक चेतना के एक नए अध्याय का शुभारंभ हुआ है। यहां गठित हुई समिति केवल संगठन नहीं, बल्कि साहित्य की उस मशाल की तरह है जो आने वाले दिनों में जिले के कोने-कोने तक प्रकाश फैलाएगी। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह नवगठित टीम साहित्यिक गतिविधियों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगी। अन्य वक्ताओं ने भी साहित्य परिषद की भूमिका, साहित्यिक संस्कृति के संरक्षण व नई पीढ़ी को साहित्य से जोड़ने की आवश्यकता पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम के अंत में अतुल कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया।




